जनसुनवाई में क्षेत्र के किसानों ने अपनी प्रमुख समस्याएं रखीं। विशेष रूप से कोलारस के कुलहड़ीपुर से आए किसानों ने खाद की किल्लत को लेकर अपनी चिंता जताई। कलेक्टर ने कृषि विभाग के अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि किसानों को खाद की उपलब्धता प्राथमिकता के आधार पर सुनिश्चित की जाए और खाद वितरण में किसी भी प्रकार की कालाबाजारी को सख्ती से रोका जाए।
दुःख की घड़ी में दिया संबल
जनसुनवाई के दौरान कलेक्टर अर्पित वर्मा ने मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए प्रशासनिक संवेदनशीलता का परिचय दिया। उन्होंने नगर परिषद कोलारस निवासी विजय बाई जाटव को 'अनुग्रह सहायता योजना' के अंतर्गत 2 लाख रुपए की सहायता राशि का स्वीकृति पत्र सौंपा, जो उनके परिवार के लिए एक बड़ी राहत है।
इसी तरह, एक अन्य मामले में अपनी बीमार बच्ची के उपचार के लिए आर्थिक मदद लेने आए नीरज सेन की व्यथा सुनकर कलेक्टर ने तुरंत संज्ञान लिया। उन्होंने रेडक्रॉस से 10,000 रुपए की आर्थिक सहायता स्वीकृत की और स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित कर बच्ची के लिए तत्काल आवश्यक दवाइयां उपलब्ध कराईं।
कलेक्टर अर्पित वर्मा ने जनसुनवाई में सभी विभागीय अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए है कि जनसुनवाई में प्राप्त आवेदनों को लंबित न रखा जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनसुनवाई का मुख्य उद्देश्य आमजन की समस्याओं का समय पर समाधान करना है, इसलिए अधिकारी पूरी जवाबदेही के साथ कार्य करें ताकि आम जनता को राहत मिल सके।


