National update:
जम्मू-कश्मीर: LG ने 5 सरकारी कर्मचारी बर्खास्त किए, आतंकी संगठनों से संबंध उजागर Government Employees Sacked For Terrorism
श्रीनगर: सत्यालेख की रिपोर्ट के अनुसार, जम्मू-कश्मीर में उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने मंगलवार को एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 5 सरकारी कर्मचारियों को आतंकी संगठनों के साथ संबंध रखने के आरोप में बर्खास्त कर दिया।
अधिकारियों के मुताबिक, ये सभी कर्मचारी लश्कर-ए-तैयबा और हिजबुल मुजाहिद्दीन जैसे आतंकी संगठनों के लिए काम कर रहे थे और देश की सुरक्षा के लिए खतरा बन गए थे।
सरकार ने 2021 से लेकर अब तक कुल 85 कर्मचारियों को इसी तरह के आरोपों में नौकरी से निकाला है, जो दर्शाता है कि भारत सरकार आतंकवाद के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति पर चल रही है।
बर्खास्त किए गए कर्मचारियों में एक शिक्षक, एक लैब टेक्नीशियन, एक ड्राइवर, असिस्टेंट लाइनमैन और वन विभाग का एक फील्ड वर्कर शामिल है।
इन सभी को संविधान के अनुच्छेद 311 (2) (c) के तहत नौकरी से निकाला गया है।
इनमें से मोहम्मद इश्तियाक नामक एक शिक्षक पर लश्कर-ए-तैयबा के लिए काम करने और एक पुलिस अधिकारी की हत्या में शामिल होने का आरोप है।
तारिक अहमद राह नामक एक लैब टेक्नीशियन पर भी कम उम्र से ही आतंकी गतिविधियों में शामिल होने का संदेह है।
यह कार्रवाई जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद के खिलाफ सरकार की मजबूत प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
प्रधानमंत्री के नेतृत्व में, सरकार देश की सुरक्षा को प्राथमिकता दे रही है।
यह कार्रवाई भारत सरकार के उस संकल्प को दर्शाती है, जिसमें वह राष्ट्रीय सुरक्षा और अखंडता को बनाए रखने के लिए कटिबद्ध है।
सरकार का यह स्पष्ट संदेश है कि देश विरोधी गतिविधियों में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।
- जम्मू-कश्मीर में आतंकी संगठनों से संबंध रखने पर 5 सरकारी कर्मचारी बर्खास्त।
- LG मनोज सिन्हा ने लश्कर-ए-तैयबा और हिजबुल मुजाहिद्दीन से जुड़े लोगों पर की कार्रवाई।
- 2021 से अब तक 85 कर्मचारियों को आतंकी संबंधों के आरोप में नौकरी से निकाला गया।
Related: Top Cricket Updates | Latest National News
Posted on 14 January 2026 | Check सत्यालेख.com for more coverage.
.jpg)

.jpg)