ज्ञापन में बताया गया है कि 22 जुलाई को पेपर लीक मामले को लेकर छात्र माधव चौक चौराहे पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे थे। इस प्रदर्शन की कवरेज के लिए प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के पत्रकार मौके पर मौजूद थे। आरोप है कि इसी दौरान भीड़ में पहले से मौजूद कुछ असामाजिक एवं राजनीतिक संगठनों से जुड़े लोगों ने प्रदर्शन को उग्र बनाने का प्रयास किया। जब पत्रकार अपने पेशेवर दायित्व का निर्वहन करते हुए कवरेज कर रहे थे, तभी कुछ असामाजिक तत्वों ने पुरुष एवं महिला मीडिया कर्मियों के साथ अभद्र टिप्पणियां कीं, धक्का-मुक्की की तथा अभद्र व्यवहार किया। इतना ही नहीं, लाइव प्रसारण में भी व्यवधान उत्पन्न किया गया, जिससे पत्रकारिता के कार्य में बाधा पहुंची। ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया है कि यह घटना महिला गरिमा के विरुद्ध भी है और इसके वीडियो फुटेज उपलब्ध हैं।
पत्रकारों ने पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि उपलब्ध वीडियो फुटेज के आधार पर आरोपित असामाजिक तत्वों की पहचान कर उनके विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में मीडिया कर्मियों के साथ इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो और पत्रकार निर्भय होकर अपना दायित्व निभा सकें।
ज्ञापन पर जिले के अनेक पत्रकारों के हस्ताक्षर हैं। पुलिस अधीक्षक कार्यालय ने ज्ञापन प्राप्त कर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया है।

