शिवपुरी। गणेश सांस्कृतिक समिति न्यू ब्लॉक द्वारा आयोजित गणेश महोत्सव के पुरस्कार वितरण समारोह में धार्मिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों में समिति के योगदान की सराहना की गई। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि विधायक देवेंद्र जैन ने कहा कि गणेश सांस्कृतिक समिति द्वारा लंबे समय से भव्य एवं आकर्षक गणेश उत्सव कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। समिति धार्मिक आयोजनों के साथ-साथ सामाजिक एवं सांस्कृतिक कार्यों में भी सक्रिय भूमिका निभाती है। समिति से जुड़े सभी सदस्य एवं सम्मानित प्रतिभागी बधाई के पात्र हैं। कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष नेहा यादव विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। उन्होंने कहा कि श्री गणेश सांस्कृतिक समिति का आयोजन शिवपुरी में लंबे समय से आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। समिति द्वारा नृत्य, झांकियों सहित विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का शानदार आयोजन किया जाता है। गणेश उत्सव का यह आयोजन शिवपुरी की शान है और शहर की सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करता है। कार्यक्रम का शुभारंभ मंचासीन अतिथियों द्वारा भगवान श्री गणेश की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन कर किया गया। इसके पश्चात समिति अध्यक्ष तेजमल सांखला ने स्वागत भाषण दिया।
प्रतिभाओं एवं सहयोगियों का हुआ सम्मान
पुरस्कार वितरण समारोह में पूर्व विधायक माखनलाल राठौर, डॉ. रामकुमार शिवहरे, इंजी. पवन जैन, समिति अध्यक्ष तेजमल सांखला, कालूराम शिवहरे, महेंद्र रावत, दिनेश गर्ग, ब्रज दुबे, श्याम सुंदर राठौर, राजीव शर्मा, तरुण अग्रवाल, प्रकाश सोनी, गोपाल गौड़ एवं सिंगर मुकेश आचार्य सहित अन्य गणमान्यजन उपस्थित रहे।
इन प्रतियोगिताओं में प्रतिभागियों ने दिखाई प्रतिभा
श्री गणेश सांस्कृतिक समिति न्यू ब्लॉक द्वारा गत वर्ष आयोजित गणेश महोत्सव के दौरान सीनियर एवं जूनियर नृत्य प्रतियोगिता, चल झांकी, अचल झांकी, सुंदर मूर्ति एवं बैंड प्रतियोगिता सहित विभिन्न आयोजन किए गए थे। इसके साथ ही योग कला, निर्णायक मंडल, प्रायोजकों एवं जलपान समितियों के सहयोग के लिए भी सम्मान प्रदान किया गया। कार्यक्रम का सफल संचालन समिति के महासचिव महेंद्र रावत ने किया, जबकि आभार समिति सचिव सौरभ सांखला ने व्यक्त किया।
प्रचार-प्रसार प्रभारी ब्रज दुबे एवं राजू यादव ग्वाल ने जानकारी देते हुए बताया कि समिति का उद्देश्य गणेश उत्सव के माध्यम से धार्मिक आस्था के साथ-साथ शहर की सांस्कृतिक प्रतिभाओं को मंच प्रदान करना और सामाजिक सहभागिता को बढ़ावा देना है।


