फरियादिया के अनुसार वर्ष 2021 में मुस्लिम रीति-रिवाज से उसका विवाह अजरुद्दीन खान से हुआ था। शादी के बाद एक पुत्री का जन्म हुआ, जिसकी उम्र वर्तमान में लगभग चार वर्ष है। फरियादिया ने बताया कि 13 नवंबर 2025 को देवर की शादी से पहले ससुराल पक्ष द्वारा उस पर मायके से 50 हजार रुपये लाने का दबाव बनाया गया। रकम न लाने पर उसके साथ मारपीट की गई, झूठे आरोप लगाए गए और 27 अक्टूबर 2025 को उसे घर से निकाल दिया गया।
इसके बाद फरियादिया अपने पिता के घर शिवपुरी में रह रही है। आरोप है कि इस दौरान पति और ससुराल पक्ष द्वारा लगातार मोबाइल फोन से जान से मारने, बच्ची को छीन लेने और परिवार को नुकसान पहुंचाने की धमकियां दी जा रही हैं। फरियादिया ने बताया कि उसने 24 नवंबर 2025 को थाना देहात शिवपुरी और 29 नवंबर 2025 को महिला थाना शिवपुरी में शिकायत दी, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
पीड़िता का आरोप है कि बार-बार शिकायत के बावजूद केवल समझाइश की गई, जबकि धमकियों और उत्पीड़न का सिलसिला लगातार जारी है, जिससे वह और उसका परिवार भय और तनाव में जीने को मजबूर हैं।
फरियादिया शहनाज खान ने पुलिस अधीक्षक शिवपुरी से मांग की है कि उसके पति अजरुद्दीन खान एवं ससुर आजाद खान के खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई की जाए तथा उसे और उसकी बच्ची को सुरक्षा प्रदान की जाए।
यह मामला अब महिला सुरक्षा, घरेलू हिंसा और पुलिस कार्रवाई की संवेदनशीलता पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।


